Thursday, September 24, 2026
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दो दिन में 7 घंटे 23 मिनट चली सदन की कार्यवाही, अनिनिश्चतकाल के लिए स्थगित

देहरादून, । उत्तराखंड की पांचवी विधानसभा का पहला दो दिवसीय सत्र अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो गया है। विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने सदन की कार्यवाही के शान्ति एवम सुचारू पूर्वक सहयोग के लिए विपक्ष एवं पक्ष के सभी सदस्यों का धन्यवाद दिया है। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेशहित एवं जनहित के अनेक विषयों पर सदन में दोनों दलों द्वारा शांति पूर्वक गंभीर चिंतन-मनन किया गया। दो दिवसीय  सत्र की कार्रवाई 7 घंटे 23 मिनट तक चली।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि सर्वाेच्च पीठ के रूप में अपने संवैधानिक कर्तव्य का सम्यक निर्वहन करते हुए लोकतांत्रिक प्रथाओं एवं परंपराओं को मजबूत करने की दिशा में अभी कदम बढ़ाया है। उन्होनें कहा कि संवाद सहयोग, सौहार्द व सर्वपक्ष समाधान के साथ सदन का कुशल संचालन करते हुए लोकतंत्र को मजबूत करने का प्रयास करेंगी। ऋतु खंडूड़ी भूषण ने कहा कि उत्तराखंड राज्य में पहली महिला विधानसभा अध्यक्ष का उन्हें गौरव प्राप्त हुआ है, वह चाहती है कि अपने कार्यों से वह सदन में अपनी छाप छोड़ें। उन्होंने कहा कि सदन में महिला सदस्यों को भरपूर अवसर प्रदान हो यह उनकी प्राथमिकता है।
विधानसभा अध्यक्ष के तौर पर पहली बार सदन के संचालन पर अपने अनुभव को साझा करते हुए ऋतु खंडूडी भूषण ने कहा कि’ सदन की पीठ पर बैठकर उन्हें गर्व की अनुभूति हो रही थी साथ ही चुनौती भी थी, परंतु जिस प्रकार से दो दिवसीय सत्र के दौरान राज्यपाल के अभिभाषण एवं उस पर चर्चा, लेखानुदान के पारण व विधायी कार्यों के दौरान सत्ता पक्ष एवं विपक्ष ने शांतिपूर्वक अपनी बात सदन में रखी एवं सभी सदस्यों का भरपूर सहयोग मिला, सौहार्दपूर्ण वातावरण में सदन संचालित हुआ उसके लिए मैं सभी सदन के सदस्यों का धन्यवाद व्यक्त करती हूं। एक स्पीकर के तौर पर वह चाहती हैं कि महिला सदस्य अपने क्षेत्र की ही बात ना करें बल्कि प्रदेश की बेहतरी के लिए भी अपने सुझाव दें और विशेषकर महिला सशक्तिकरण में अपनी भागीदारी को बढ़ाते हुए प्रेरणा बने। सत्र के दौरान सदन में उत्तराखंड विनियोग (लेखानुदान) विधेयक 2022 पारित हुआ।
उत्तराखंड उद्यम एकल खिड़की सुगमता एवं अनुज्ञापन अध्यादेश 2021, उत्तराखंड अग्निशमन एवं आपात सेवा, अग्नि निवारण एवं अग्नि सुरक्षा संशोधन अध्यादेश 2022. पारित किए गए। भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक द्वारा प्रस्तुत उत्तराखंड सरकार के वर्ष 2020-21 के वित्त लेखेे एवं विनियोग लेखे व उत्तराखंड पंचम राज्य वित्त आयोग, उत्तराखंड (पंचायती राज एवं स्थानीय निकायें) का प्रतिवेदन रखे गए। स्पीकर ने बताया कि नियम 300 में प्राप्त 23 सूचनाओं में से सभी 23 सूचनाएं ध्यानाकर्षण के लिए आई, नियम-53 में 22 सूचनाओं में  सभी 22 ध्यानाकर्षण के लिए रखी गई, नियम-58 में प्राप्त 7 सूचनाओं में 5 को स्वीकृत किया गया। नियम 310 में 1 सूचना प्राप्त हुई जिसे नियम 58 में परिवर्तित किया गया।

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